CMYogi: सविधान सभा में 24 जनवरी 1950 को राष्ट्रगीत वंदे मातरम् को राष्ट्रगीत का दर्जा दिया गया भारत का क्रान्तिकारी वंदे मातरम् गीत गाते हुये फांसी के फंदे पर झूलते हुये जरा भी संकोच नही करते थे। यह समग्र भारत को जोड़ने वाला गीत है। भारत को स्वाधीनता प्रदान कराने में वंदे मातरम् का विशेष योगदान रहा है। राष्ट्रगीत, राष्ट्रगान और राष्ट्रध्वज जैसे प्रतीकों का अपमान संविधान के निर्माताओं और क्रान्तिकारियों का अपमान है। इनका अपमान राष्ट्रद्रोह है और राष्ट्रद्रोह भारत देश स्वीकार नही कर सकता है। यह वक्तव्य उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री माननीय योगी आदित्यनाथ ने दिया। उन्होंने कहा कि देश के प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी जी ने वदेंमातरम् गीत को राष्ट्रगान से पहले अनिवार्य रुप से गाने का नोटिफेकेशन जारी किया है।

